दीपावली के शुभ अवसर पर सभी पाठकों को मेरी हार्दिक मंगलकामनायें।
दीपावली
दीपावली
दीपों की अवली से सजी
दीवाली आई प्यारी
जगमग जगमग रोशन करती
घर आंगन और क्यारी।
दीपावली की तैयारी में
जुटे बड़े बूढ़े और बच्चे
खुशी से सबका मन भर दे
शुभ दीपावली न्यारी।
कहीं पे फ़ूटे बम बताशे
कहीं अनार कहीं फ़ुलझड़ी
उछल कूद कर नाचें बच्चे
जब नाचती घूम के चकरी।
चाहे छोटे हों या बड़े
या फ़िर गरीब अमीर
खुशियों से ये पर्व भरेगा
सबके मन की झोली।
चाहे झोपड़ी झुग्गी वाले
या फ़िर हों कोई किस्मत के मारे
खुशियों के दीप जले हर घर में
हे ईश यही है प्रार्थना मेरी।
सबको रोशनी देता दीपक
खुद उसके तले अंधेरा
एक दिये की बाती करती
दूर अमावस की रात घनेरी।
सच्चे मन से मांगू दुआ
खुशी खुशी त्यौहार मने
दीपों की माला से जुड़कर
हम देश के हर दुश्मन से लड़ें।
00000
पूनम
खुशी खुशी त्यौहार मने
दीपों की माला से जुड़कर
हम देश के हर दुश्मन से लड़ें।
00000
पूनम


